1.34.5Atharvaved
Sanskrit
परि॑ त्वा परित॒त्नुने॒क्षुणा॑गा॒मवि॑द्विषे । यथा॒ मां का॒मिन्यसो॒ यथा॒ मन्नाप॑गा॒ असः॑ ॥ (५)
Hindi
हे पत्नी! मैं तुझे सभी ओर व्याप्त एवं ईख के समान मधुर मधु के द्वारा आपस में प्रेम के लिए प्राप्त हुआ हूं. (५)
English
O wife! I have received you for love among myself through sweet honey spread all over and like reed. (5)
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