Sanskrit

अ॒ग्निर्वै नः॑ पदवा॒यः सोमो॑ दाया॒द उ॑च्यते । ह॒न्ताभिश॒स्तेन्द्र॒स्तथा॒ तद्वे॒धसो॑ विदुः ॥ (१४)

Hindi

अग्नि हमें हमारे पदों तक पहुंचाता है और सोम हमारा दायाद कहा जाता है. इंद्र हमारी ओर से मारने वाले एवं घायल करने वाले हैं. (१४)

English

Agni leads us to our positions and Som is called our dayad. Indra is the one who kills and injures us. (14)