5.3.9Atharvaved
मंत्र:५.३.९ (5.3.9)सूक्त (३)
Shlok 1 of 1
धा॒ता वि॑धा॒ता भुव॑नस्य॒ यस्पति॑र्दे॒वः स॑वि॒ताभि॑मातिषा॒हः । आ॑दि॒त्या रु॒द्रा अ॒श्विनो॒भा दे॒वाः पा॑न्तु॒ यज॑मानं निरृ॒थात् ॥ (९)
धाता, विधाता, संसार के स्वामी एवं शन्रुहंता सविता देव, आदित्य, रुद्र तथा दोनों अश्विनीकुमार यजमान को पाप से बचाएं और उग्र शत्रुओं से रक्षा करें. (९)
Save Dhata, Vidhata, Swami of the world and Shanruhanta Savita Dev, Aditya, Rudra and both Ashwinikumar yajaman from sin and protect them from fierce enemies. (9)