Sanskrit

दि॒वो व॑रा॒हम॑रु॒षं क॑प॒र्दिनं॑ त्वे॒षं रू॒पं नम॑सा॒ नि ह्व॑यामहे । हस्ते॒ बिभ्र॑द्भेष॒जा वार्या॑णि॒ शर्म॒ वर्म॑ च्छ॒र्दिर॒स्मभ्यं॑ यंसत् ॥ (५)

Hindi

हम वराह के समान दृढ़ांग, प्रकाशशील, जटाधारी, तेजोदीप्त एवं निरूपणजीव रुद्र को नमस्कार द्वारा बुलाते हैं. वे अपने हाथों में वरणीय ओषधियां धारण करते हुए हमें सुख, कवच एवं गृह प्रदान करें. (५)

English

We call rudra, who is as strong as Varah, prakashsheel, jatadhari, bright and proformed. They may give us happiness, armor and home, wearing the selective herbs in their hands. (5)