Sanskrit

अग्नी॑षोमा ह॒विषः॒ प्रस्थि॑तस्य वी॒तं हर्य॑तं वृषणा जु॒षेथा॑म् । सु॒शर्मा॑णा॒ स्वव॑सा॒ हि भू॒तमथा॑ धत्तं॒ यज॑मानाय॒ शं योः ॥ (७)

Hindi

हे अग्नि और सोम! यज्ञ के निमित्त दिए अन्न का भक्षण करो एवं उसके बाद हमारी अभिलाषा पूरी करो. हे कामवर्षको! हमारी सेवा स्वीकार करो, हमारे लिए सुखदाता एवं रक्षणकर्ता बनो तथा यजमान के रोग और भय दूर करो. (७)

English

O Fire and Mon! Eat the food given for the yajna and then fulfill our desire. O work years! Accept our service, be a comforter and protector for us, and remove the disease and fear of the host. (7)