Sanskrit

अ॒यम॑ग्ने जरि॒ता त्वे अ॑भू॒दपि॒ सह॑सः सूनो न॒ह्य१॒॑न्यदस्त्याप्य॑म् । भ॒द्रं हि शर्म॑ त्रि॒वरू॑थ॒मस्ति॑ त आ॒रे हिंसा॑ना॒मप॑ दि॒द्युमा कृ॑धि ॥ (१)

Hindi

हे अग्नि! यह ऋषि तुम्हारा स्तोता हुआ. हे बलपुत्र अग्नि! तुम्हारे समान मेरा दूसरा आत्मीय नहीं है. तुम्हारा तीन कोठों वाला निवास सुंदर है. हम तुम्हारे समीप आकर तुम्हारी ज्वाला से दुःखी हैं, इसलिए इसे दूर करो. (१)

English

O agni! This sage is your hymn. O son of strength, agni! My second is not intimate like you. Your three-cornered abode is beautiful. We are sad to come near you and be saddened by your flame, so remove it. (1)