Sanskrit

तान्वो॑ म॒हो म॒रुत॑ एव॒याव्नो॒ विष्णो॑रे॒षस्य॑ प्रभृ॒थे ह॑वामहे । हिर॑ण्यवर्णान्ककु॒हान्य॒तस्रु॑चो ब्रह्म॒ण्यन्तः॒ शंस्यं॒ राध॑ ईमहे ॥ (११)

Hindi

हे यज्ञस्थल में जाने वाले महानुभाव मरुतो! हम सर्वव्यापक एवं प्रार्थनीय सोमरस के तैयार होने पर तुम्हें बुलाते हैं एवं सर्वोत्तम व सुनहरे रंग के खुच को उठाकर सर्वोत्तम स्तुतियों द्वारा तुमसे उत्तम धन मांगते हैं. (११)

English

O mortals who go to the yagnasthala! We call you when the omnipresent and prized somras are ready and pick up the best and golden-colored khuch and ask you for the best money by the best of praises. (11)