Sanskrit

श॒ग्धि वाज॑स्य सुभग प्र॒जाव॒तोऽग्ने॑ बृह॒तो अ॑ध्व॒रे । सं रा॒या भूय॑सा सृज मयो॒भुना॒ तुवि॑द्युम्न॒ यश॑स्वता ॥ (६)

Hindi

हे शोभन धन के स्वामी अग्नि! तुम यज्ञ में महान्‌ एवं संतानयुक्त धन के स्वामी हो. हे बहुधनसंपन्न अग्नि! हमें अधिक मात्रा वाला, सुखकारक एवं कीर्तिदाता धन प्रदान करो. (६)

English

O Fire, lord of wealth! You are the master of great and progenial wealth in the yajna. O rich agni! Give us more money, soothing and rewarding. (6)