Sanskrit
त्वद्विप्रो॑ जायते वा॒ज्य॑ग्ने॒ त्वद्वी॒रासो॑ अभिमाति॒षाहः॑ । वैश्वा॑नर॒ त्वम॒स्मासु॑ धेहि॒ वसू॑नि राजन्स्पृह॒याय्या॑णि ॥ (३)
Hindi
हे प्रकाशयुक्त वैश्वानर अग्नि! हव्य धारण करने वाला व्यक्ति तुम्हारी कृपा से मेधावी बनता है एवं तुम्हारे वीर सेवक शत्रुओं का पराभव करते हैं. तुम हमें सबका अभिलषित धन दो. (३)
English
O light-filled global agni! The person who wears the haavya becomes brilliant by your grace and your brave servants defeat the enemies. You give us all the money you want. (3)
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